भिऊ नको रामा
ये अयोध्येत
घे घर घे रामा
घर!
महाअमात्य सुमंत लिहा रामाचे नाव
लाभार्थी कोट्यात!
अंगठा लाव रामा!
करारपत्रावर संशय नको घेऊ!
आता घरातून निघ
आणि गल्लोगल्ली
घरोघरी फिरुन
प्रचार कर.
रामा चल
घाई कर
कसलाही विचार नको करु!
सगळ्यांना सांग
घर मिळाले म्हणून!
हे राम
बेघर राम
शरणार्थी राम
लाभार्थी राम
भयचकित राम
हरे राम!
मराठी अनुवाद
भरत यादव
Bharat Yadav
मूळ हिंदी कविता
राम का आना!
डरो मत राम
आओ अयोध्या
लो घर लो राम
घर!
महामात्य सुमन्त लिखो राम का नाम
लाभार्थी कोटे में!
अंगूठा लगाओ राम!
संधि पत्र पर संदेह नहीं करो!
अब घर से निकलो
और गली-गली
घर घर घूम कर
प्रचार करो!
राम चलो
जल्दी करो
कुछ भी न विचार करो!
सब को बताओ
घर मिला!
हे राम!
बेघर राम
शरणार्थी राम
लाभार्थी राम!
डरे राम
हरे राम!
©बोधिसत्व
Bodhi Sattva